मॉडा योजनान्तर्गत अनुसूचित जनजाति की छात्राओं को किया निःशुल्क स्कूटी वितरण

मॉडा योजनान्तर्गत अनुसूचित जनजाति की छात्राओं को किया निःशुल्क स्कूटी वितरण
  करौली, 11 अक्टूबर। राज्य सरकार द्वारा संचालित मॉडा योजनान्तर्गत अनुसूचित जनजाति छात्राओं को निःशुल्क स्कूटी वितरण कार्यक्रम 11 अक्टूबर को कलेक्ट्रेट परिसर में आयोजित किया गया। 
जिला कलक्टर सिद्धार्थ सिहाग ने राजकीय विद्यालय में अध्ययनरत रहते हुए कक्षा 10 वीं और 12वीं बोर्ड में 65 प्रतिशत या उससे अधिक अंकों से पास की हो या जिनके माता पिता आयकर दाता नहीं हो और राजस्थान के मूल निवासी हों उनके लिए स्कूटी वितरित की गई। सीईओ जिला परिषद महावीर प्रसाद नायक ने बताया कि जिन छात्राओ द्वारा 10वीं बोर्ड में 65 प्रतिशत अंक पाकर स्कूटी प्राप्त उपरान्त एवं 12वीं बोर्ड 65 प्रतिशत से अधिक अंको से उत्तीर्ण करने पर दुबारा आवेदन पर स्नातक कक्षा में प्रवेश लेने पर प्रथम वर्ष में 10000रू की नगद राशि प्रोत्साहन स्वरूप राज्य सरकार द्वारा देने का प्रावधान है। इस योजना को तत्कालीन समयावधि में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत  द्वारा माह अप्रेल 2013 में प्रारम्भ किया गया था। वर्ष 2015-16 में उक्त योजना में इस जिले मे 21 आवेदन प्राप्त हुये थे जिनमें से सभी 21 छात्राओ को स्कूटी वितरण कर दी गई थी। वर्ष 2016-17 में उक्त योजना में इस जिले को 62 आवेदन प्राप्त हुये थे जिनमें से सभी 62 छात्राओं को स्कूटी वितरण कर दी गई थी। वर्ष 2017-18 में इस जिले को 106 आवेदन प्राप्त हुये थे जिनमें से सभी 106 छात्राओं को स्कूटी वितरण कर दी गई थी। वर्ष 2018-19 में इस जिले को 168 आवेदन प्राप्त हुये थे जिनमें से सभी 168 छात्राओ को स्कूटी वितरण कर दी गई थी। वर्ष  2019-20 में इस जिले  को 235 आवेदन प्राप्त हुये थे जिनमें से राज्य सरकार द्वारा मैरिट के आधार पर इस जिले को 142 स्कूटी स्वीकृत की गई है जिनमे ंसे दिनांक 11 अक्टूबर को जिला कलेेक्ट्रेट परिसर करौली मे स्कूटियों को अनुसूचित जनजाति छात्राओ को जिला कलक्टर द्व़ारा वितरण कार्य आरम्भ किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि निशुल्क स्कूटी वितरण योजना को वर्ष 2020-21 से आयुक्तालय कॉलेज शिक्षा निदेशालय राजस्थान जयपुर को हस्तान्तरित कर दी गई है  जिसका नाम परिवर्तित करके कालीबाई भील मेंद्यावी छात्रा स्कूटी योजना कर दिया गया है।